बजट से प्रदेश के शिक्षामित्रों को निराशा : कौशल कुमार सिंह

primarymaster.in


 लखनऊ। उत्तर प्रदेश प्राथमिक शिक्षामित्र संघ के प्रदेश मंत्री कौशल कुमार सिंह ने मंगलवार को बयान जारी कहा कि उत्तर प्रदेश में कार्यरत लगभग डेढ़ लाख शिक्षामित्र को आज उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा पेश किए गए अनुपूरक बजट से विगत सात सालों की भांति इस बार भी निराशा हुई है।

 प्राथमिक शिक्षा के अंतर्गत कार्यरत शिक्षामित्र को बजट में मानदेय वृद्धि या अन्य सुविधाओं के लिए स्पष्ट रूप से कोई राहत नहीं दी गयी है। मुख्यमंत्री द्वारा बजट अभिभाषण में आज सदन को बताया गया कि शिक्षामित्र आज भी निश्चित मानदेय पर यथावत प्राथमिक विद्यालयों में कार्य कर रहे हैं परंतु शिक्षामित्रों को मुख्यमंत्री के माध्यम से भविष्य में मानदेय वृद्धि का कोई भी आश्वासन नहीं दिया गया, जिस कारण आज शिक्षामित्रों को बेहद निराशा उत्पन्न हो रही है। प्रतिवर्ष बढ़ती मंहगाई में पिछले सात वर्षों से शिक्षामित्र के मानदेय में कोई भी वृद्धि नहीं की गई है। 2017 से आज तक शिक्षामित्र 10 हजार रुपये मानदेय पर ही कार्य कर रहे हैं। उनके मानदेय में कोई वृद्धि नहीं की गई है। वहीं 2017 में जिन सहायक शिक्षकों को 40 हजार रुपये वेतन मिल रहा था, उन शिक्षकों के वेतन में प्रतिवर्ष महंगाई बढ़ोतरी के क्रम में आज लगभग 65000 वेतन पा रहे हैं। उत्तर प्रदेश प्राथमिक शिक्षामित्र संघ मुख्यमंत्री से अनुरोध करता है कि शिक्षामित्र की समस्याओं का भी अतिशीघ्र निस्तारण किया जाए।

बजट से प्रदेश के शिक्षामित्रों को निराशा : कौशल कुमार सिंह

Rating: 4.5
Diposkan Oleh:
Updatemarts

Basic Shiksha Khabar | PRIMARY KA MASTER | SHIKSHAMITRA | Basic Shiksha News | Primarykamaster | Updatemarts | Primary Ka Master | Basic Shiksha News | Uptet News | primarykamaster | SHIKSHAMITRA

Leave a Comment