बलिया। अनुदान मिलने के बाद अब बच्चों के यूनिफॉर्म क्रय करने में अभिभावकों की मनमानी नहीं चलेगी। बेसिक शिक्षा विभाग इसके उपभोग का सत्यापन करेगा। बच्चों को अनिवार्य रूप से यूनिफॉर्म में स्कूल आना होगा। इसके लिए शिक्षकों को पोर्टल पर यूनिफॉर्म सहित बच्चों की फोटो अपलोड करने का निर्देश बीएसए ने दिया है.
शैक्षिक सत्र 2024-25 में कुल
दो लाख पांच हजार बच्चों में से अब
तक 1,12,098 बच्चों के अभिभावकों के खाते में यूनिफॉर्म के लिए 12 सौ रुपये भेजे जा चुके हैं। बावजूद इसके शैक्षिक सत्र में गत वर्ष विभिन्न कक्षाओं में विद्यार्थियों में अधिकांश बच्चे या तो बिना यूनिफॉर्म स्कूल जा रहे हैं या फटी पुरानी यूनिफॉर्म में। हालत यह है कि अनुदान राशि मिलने के बावजूद अभिभावक बच्चों को नई यूनिफॉर्म समेत अन्य सामग्री दिलाने में रुचि नहीं दिखा रहे हैं। अभिभावकों को अपने पाल्यों को यूनिफॉर्म सहित अन्य सामग्री क्रय कर
स्कूल भेजने के प्रति प्रेरित किया जाएगा। यूनिफॉर्म समेत अन्य सामग्री क्रय नहीं करने वाले अभिभावकों के खिलाफ शिक्षा विभाग नियमानुसार कार्रवाई करेगा।
सर्व शिक्षा अभियान के तहत बच्चों को शिक्षित करने के साथ ही यूनिफॉर्म समेत अन्य सामग्री क्रय करने के लिए अनुदान राशि दी गई है। शिक्षकों को स्कूल में आयोजित होने वाली शिक्षक- अभिभावक मीटिंग के साथ व्यक्तिगत रूप से अभिभावकों से मिलकर धनराशि का उपभोग बच्चों के लिए निर्धारित सामग्री के क्रय पर खर्च करने को कहा गया है। – मनीष कुमार सिंह, बीएसए
Basic Shiksha Khabar | PRIMARY KA MASTER | SHIKSHAMITRA | Basic Shiksha News | Primarykamaster | Updatemarts | Primary Ka Master | Basic Shiksha News | Uptet News | primarykamaster | SHIKSHAMITRA






