अगले सत्र से अंग्रेजी माध्यम में भी मिलेंगी यूपी बोर्ड की पाठ्यपुस्तकें
प्रयागराज। माध्यमिक शिक्षा परिषद (यूपी बोर्ड) ने विद्यार्थियों की सुविधा के लिए एक महत्वपूर्ण निर्णय लिया है। शैक्षिक सत्र 2027-28 से हाईस्कूल और इंटरमीडिएट की पाठ्यपुस्तकों को अंग्रेजी माध्यम में भी प्रकाशित किया जाएगा। इससे अंग्रेजी माध्यम से अध्ययन करने वाले छात्रों को पुस्तकों की उपलब्धता के लिए बाजार पर निर्भर नहीं रहना पड़ेगा।
यूपी बोर्ड के सचिव भगवती सिंह के अनुसार, अब तक परिषद द्वारा अधिकतर पुस्तकें केवल हिंदी माध्यम में प्रकाशित की जाती थीं। अगले सत्र से अंग्रेजी, विज्ञान, गणित और सामाजिक विज्ञान सहित कई विषयों की पुस्तकें हिंदी के साथ-साथ अंग्रेजी माध्यम में भी उपलब्ध कराई जाएंगी।
36 विषयों की पुस्तकों का होगा द्विभाषी प्रकाशन
परिषद द्वारा राष्ट्रीय शैक्षिक अनुसंधान एवं प्रशिक्षण परिषद (एनसीईआरटी) आधारित पाठ्यक्रम के तहत इंटरमीडिएट (कक्षा 11 एवं 12) के 36 विषयों की पाठ्यपुस्तकें प्रकाशित की जाती हैं। इनमें अंग्रेजी, भौतिक विज्ञान, रसायन विज्ञान, जीव विज्ञान, गणित, इतिहास, भूगोल, नागरिक शास्त्र, समाजशास्त्र, अर्थशास्त्र, व्यवसाय अध्ययन, लेखाशास्त्र, मनोविज्ञान और गृहविज्ञान जैसे विषय शामिल हैं।
नई व्यवस्था लागू होने के बाद भाषा विषयों को छोड़कर अधिकांश विषयों की पुस्तकें हिंदी और अंग्रेजी दोनों माध्यमों में उपलब्ध होंगी। इससे विद्यार्थियों को कम लागत पर गुणवत्तापूर्ण पाठ्य सामग्री प्राप्त हो सकेगी।
विक्रेताओं और संस्थाओं को डीएलसी दरों पर मिलेंगी पुस्तकें
यूपी बोर्ड ने स्पष्ट किया है कि शैक्षिक सत्र 2027-28 से पुस्तक विक्रेताओं और शैक्षणिक संस्थानों को परिषद द्वारा निर्धारित नियमों एवं शर्तों के तहत डीएलसी दरों पर पुस्तकें उपलब्ध कराई जाएंगी।
अंकपत्र और प्रमाणपत्र पहुंचे क्षेत्रीय कार्यालयों में
इस बीच बोर्ड परीक्षा 2026 के अंकपत्र और प्रमाणपत्रों की छपाई का कार्य भी पूरा हो चुका है। इन्हें पांचों क्षेत्रीय कार्यालयों में भेज दिया गया है। अब संबंधित जिलों के माध्यमिक विद्यालयों में इनका वितरण कराया जाएगा, जिससे छात्र-छात्राएं शीघ्र ही अपने अंकपत्र और प्रमाणपत्र प्राप्त कर सकेंगे।
बोर्ड ने यह भी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं कि परीक्षा में अनुत्तीर्ण विद्यार्थियों के अंकपत्र भी समय पर उपलब्ध कराए जाएं, ताकि उन्हें आगे की शैक्षिक प्रक्रिया में किसी प्रकार की कठिनाई का सामना न करना पड़े।
50 लाख से अधिक छात्र हुए थे शामिल
गौरतलब है कि यूपी बोर्ड परीक्षा 2026 में हाईस्कूल और इंटरमीडिएट स्तर पर 50 लाख से अधिक परीक्षार्थी शामिल हुए थे। अब सभी विद्यार्थियों को जल्द ही उनके अंकपत्र और प्रमाणपत्र उपलब्ध कराए जाने की प्रक्रिया शुरू होने जा रही है।
Basic Shiksha Khabar | PRIMARY KA MASTER | SHIKSHAMITRA | Basic Shiksha News | Primarykamaster | Updatemarts | Primary Ka Master | Basic Shiksha News | Uptet News | primarykamaster | SHIKSHAMITRA





