स्रोत पर कर कटौती के बाद भी जरूर भरें आयकर रिटर्न
नई दिल्ली, एजेंसी। लोगों में अक्सर यह धारणा होती है कि यदि वेतन से स्रोत पर कर कटौती हो गई है, तो उन्हें आयकर रिटर्न दाखिल करने की जरूरत नहीं है। लेकिन कर विशेषज्ञों का कहना है कि यह धारणा गलत है। यदि किसी की आय निर्धारित कर-मुक्त सीमा से अधिक है, तो टीडीएस कटने के बावजूद आईटीआर दाखिल करना अनिवार्य है।
जब कोई कंपनी, बैंक या संस्था आपको भुगतान करती है, तो आयकर नियमों के अनुसार वो पहले टैक्स काटकर सरकार के खाते में जमा करती है। इसके बाद बची हुई रकम आपके खाते में आती है। इसे ही स्रोत पर कर कटौती यानी टीडीएस कहते हैं। टीडीएस वेतन, बैंक के एफडी के ब्याज पर, प्रोफेशनल फीस, किराया, कमीशन जैसी कई आय पर काटा जा सकता है। आयकर कानून के अनुसार, यदि कटौतियों का लाभ लेने से पहले किसी व्यक्ति की कुल आय मूल कर-मुक्त सीमा से अधिक है तो उसे आयकर रिटर्न दाखिल करना होगा।
Basic Shiksha Khabar | PRIMARY KA MASTER | SHIKSHAMITRA | Basic Shiksha News | Primarykamaster | Updatemarts | Primary Ka Master | Basic Shiksha News | Uptet News | primarykamaster | SHIKSHAMITRA




