कौशल प्रशिक्षण पूरा होते ही 90 दिनों में नौकरी
लखनऊ। कौशल विकास का प्रशिक्षण पूरा करने के बाद युवाओं को 90 दिनों में नौकरी दिलाई जाएगी। प्रशिक्षण देने वाली कंपनियां द्वारा प्लेसमेंट न कराने पर कार्रवाई होगी। एआई आधारित डैशबोर्ड से प्रशिक्षण पाने वाले युवाओं के प्लेसमेंट की निगरानी होगी। युवाओं के नौकरी करने की सालभर जानकारी भी ली जाएगी।
उप्र कौशल विकास मिशन की ओर से कौशल प्रशिक्षण में पारदर्शिता बढ़ाने के लिए प्रशिक्षण प्रदाता कंपनियों पर शिकंजा कसा गया है। कंपनियों की मनमानी पर रोक लगाने के साथ ही युवाओं को पारदर्शी ढंग से प्रशिक्षण व रोजगार मिले इसकी व्यवस्था की गई है। कौशल प्रशिक्षण केंद्रों पर प्रशिक्षण पा रहे युवाओं की निगरानी सीसीटीवी कैमरे की मदद से की जा रही है।
उप्र कौशल विकास मिशन मुख्यालय में कंट्रोल रूम से हर दिन की रिपोर्ट ली जा रही है। गड़बड़ी करने वाली कंपनियों को चिह्नित कर बाहर किया जा रहा है। यही नहीं छिटपुट गलती मिलने पर भी उनके प्रशिक्षण बैच में कटौती कर उन्हें चेतावनी दी जा रही है। एआई आधारित कौशल दर्पण डैशबोर्ड के माध्यम से जिलों से आ रही रिपोर्ट के अनुसार एक-एक प्रशिक्षण प्रदाता कंपनी की निगरानी की जा रही है।
आवासीय प्रशिक्षण ले रहे युवाओं के लिए हर दिन आठ घंटे की ट्रेनिंग अनिवार्य की गई है। युवाओं की उपस्थिति पर सख्ती बरती जा रही है। न्यूनतम 70 प्रतिशत उपस्थिति होने पर ही रोजगार मेले में शामिल होने का अवसर दिया जाएगा।
Basic Shiksha Khabar | PRIMARY KA MASTER | SHIKSHAMITRA | Basic Shiksha News | Primarykamaster | Updatemarts | Primary Ka Master | Basic Shiksha News | Uptet News | primarykamaster | SHIKSHAMITRA






