मानव संपदा पोर्टल पर 22 कर्मचारियों की प्रविष्टियों में छेड़छाड़ का मामला गहराया

primarymaster.in


मानव संपदा पोर्टल पर 22 कर्मचारियों की प्रविष्टियों में छेड़छाड़ का मामला गहराया

लखनऊ। राज्य कर विभाग में मानव संपदा पोर्टल पर 22 कर्मचारियों की वार्षिक प्रविष्टियों में बदलाव किए जाने का मामला अब गंभीर होता जा रहा है। कर्मचारियों की सत्यनिष्ठा पर सवाल खड़े करने वाली प्रविष्टियों में एक साथ बदलाव किए जाने से विभागीय स्तर पर हड़कंप मचा हुआ है।

कर्मचारियों का आरोप है कि शासन स्तर से एफआईआर के निर्देश दिए जाने के बावजूद अभी तक मुकदमा दर्ज नहीं कराया गया है। वहीं विभागीय अधिकारी इस मामले की जांच में जुटे हैं कि आखिर 22 कर्मचारियों के रिकॉर्ड एक साथ किसने और किस उद्देश्य से बदले।

आईडी-पासवर्ड हैक हुए या अंदर से हुआ खेल?

जांच में यह अहम सवाल सामने आया है कि क्या किसी अधिकारी या कर्मचारी की आईडी-पासवर्ड का दुरुपयोग कर रिकॉर्ड बदले गए या फिर विभाग के भीतर से ही किसी ने जानबूझकर प्रविष्टियों में बदलाव किया।

एक साथ बड़ी संख्या में कर्मचारियों के रिकॉर्ड में बदलाव होने से यह आशंका भी जताई जा रही है कि मामला किसी एक व्यक्ति की मनमानी तक सीमित नहीं हो सकता। जांच के दौरान पोर्टल के तकनीकी रिकॉर्ड और लॉगिन हिस्ट्री से इसकी पड़ताल की जा रही है।

जिन अधिकारियों की आईडी हैक होने का दावा, उन पर भी नजर

विभागीय अधिकारी यह भी जांच रहे हैं कि जिन अधिकारियों ने अपनी आईडी हैक होने का दावा किया है, उनके लॉगिन से कहीं बड़ी संख्या में कर्मचारियों की प्रविष्टियां तो नहीं बदली गईं। कर्मचारियों के विरोध और शिकायतों के बाद आईडी-पासवर्ड हैक होने की बात कहकर जिम्मेदारी से बचने की कोशिश तो नहीं की गई, यह पहलू भी जांच के दायरे में है।

यूपी राज्य कर मिनिस्टीरियल स्टाफ एसोसिएशन के मुताबिक, इस मामले में एफआईआर के निर्देश दिए गए थे, लेकिन अभी तक मुकदमा दर्ज नहीं हुआ है।

पोर्टल के लॉग से खुलेगा राज

जांच में मानव संपदा पोर्टल के तकनीकी रिकॉर्ड और लॉगिन हिस्ट्री अहम भूमिका निभा सकते हैं। इससे यह पता लगाया जा सकता है कि संबंधित अधिकारियों की आईडी से कब-कब लॉगिन किया गया, किन रिकॉर्ड में बदलाव हुए और बदलाव के दौरान पोर्टल पर कौन-कौन सी गतिविधियां दर्ज हुईं।

विभागीय अधिकारियों के अनुसार, किसी अधिकारी की आईडी और पासवर्ड के जरिये रिकॉर्ड में बदलाव होना सामान्य तकनीकी मामला नहीं माना जा सकता, खासकर तब जब एक साथ 22 कर्मचारियों की प्रविष्टियां प्रभावित हुई हों।

दूसरे कर्मचारियों के रिकॉर्ड से छेड़छाड़ की भी आशंका

अभी तक एक मामला सामने आने के बाद यह भी जांच की जा रही है कि कहीं इसी तरह अन्य कर्मचारियों की वार्षिक प्रविष्टियों में भी बदलाव तो नहीं किया गया। यदि जांच में और मामले सामने आते हैं तो प्रकरण और गंभीर हो सकता है।

फिलहाल कर्मचारियों की नजर इस बात पर है कि जांच में दोषी कौन पाया जाता है और शासन के एफआईआर संबंधी निर्देशों पर कार्रवाई कब होती है।

मानव संपदा पोर्टल पर 22 कर्मचारियों की प्रविष्टियों में छेड़छाड़ का मामला गहराया

Rating: 4.5
Diposkan Oleh:
UP UPDATEMART

Basic Shiksha Khabar | PRIMARY KA MASTER | SHIKSHAMITRA | Basic Shiksha News | Primarykamaster | Updatemarts | Primary Ka Master | Basic Shiksha News | Uptet News | primarykamaster | SHIKSHAMITRA

Leave a Comment

WordPress Emporium Keymoto – Motorcycle WordPress Theme Keyword Linking for WordPress Kezta – Gutenberg Portfolio WordPress Theme Khara – Ultimate Coming Soon & Maintenance Plugin Khubi – Dermatologist & Skin Care Template Kit Khuli – Construction & Architecture Elementor Template Kit Kiara – Fashion Elementor Template Kit Kiba Bar & Restaurant Elementor Kit Kiddo – Kid Fashion WooCommerce WordPress Theme Kiddy – Children WordPress theme