लखनऊ। 69000 शिक्षक भर्ती में आरक्षित वर्ग के अभ्यर्थियों ने बुधवार को 21 जुलाई को सुप्रीम को होने वाली सुनवाई में मजबूती से पक्ष रखने की सरकार से मांग की। अभ्यर्थी करीब 145 दिनों ने ईको गार्डेन में धरना देकर नियुक्ति की मांग कर रहे हैं।
शिक्षक भर्ती अभ्यर्थियों की अगुवाई कर रहे अमरेंद्र पटेल ने कहा कि 69000 शिक्षक भर्ती का आयोजन 2018 में किया गया था। उन्होंने आरोप लगाया कि ओबीसी को मिलने वाला 27 प्रतिशत और एससी वर्ग को मिलने वाला 21 प्रतिशत आरक्षण इस भर्ती में नहीं दिया गया। 69000 शिक्षक भर्ती में आरक्षण लागू करने में विसंगति के कारण अभ्यर्थी
दर-दर की ठोकर खा रहे हैं। उन्होंने कहा कि हाईकोर्ट डबल बेंच ने अभ्यर्थियों को न्याय देते हुए फैसला हमारे पक्ष में सुनाया लेकिन सरकार की लापरवाही के कारण मामला अब सुप्रीम कोर्ट में चला गया है।
उन्होंने कहा कि हमारी मांग है कि सरकार सुप्रीम कोर्ट में हमारा पक्ष मजबूती के साथ रखें। उन्होंने बताया कि राष्ट्रीय पिछड़ा वर्ग आयोग की रिपोर्ट, मुख्यमंत्री के निर्देश पर गठित कमेटी की जांच रिपोर्ट और हाईकोर्ट का ऑर्डर उनके पक्ष में हैं। इसके बावजूद आरक्षित वर्ग के अभ्यर्थियों को नियुक्ति नहीं दी जा रही है। संवाद
Basic Shiksha Khabar | PRIMARY KA MASTER | SHIKSHAMITRA | Basic Shiksha News | Primarykamaster | Updatemarts | Primary Ka Master | Basic Shiksha News | Uptet News | primarykamaster | SHIKSHAMITRA






